Sunday, July 12, 2026
Google search engine
Homeराज्यबिहार / झारखण्डशिक्षा प्रदर्शन में बढ़त, झारखंड के चार जिलों ने सुधारी अपनी रैंकिंग

शिक्षा प्रदर्शन में बढ़त, झारखंड के चार जिलों ने सुधारी अपनी रैंकिंग

 रांची
 केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय द्वारा स्कूली शिक्षा से संबंधित जिलों के लिए जारी परफार्मेंस ग्रेडिंग इंडेक्स (पीजीआई-डी) की 2025-26 की रैंकिंग में पूर्वी सिंहभूम जिला शीर्ष पर बरकरार है।

वहीं, राज्य के चार जिलों देवघर, सरायकेला खरसावां, रामगढ़ तथा साहिबगंज ने अपनी रैंकिंग में सुधार किया है। इन जिलों की रैंकिंग में सुधार से अब राज्य के पांच जिले प्रचेस्टा (विशेष प्रयास)-1 की श्रेणी में आ गए हैं, वहीं अन्य 19 जिले इससे नीचे की रैंकिंग प्रचेस्टा (विशेष प्रयास)-2 की श्रेणी में हैं।

राज्य का कोई जिला अभी उत्तम श्रेणी में तो नहीं पहुंचा है, लेकिन अच्छी बात यह है कि राज्य का कोई जिला आकांक्षी (पिछड़ा) नहीं रहा है।

वर्ष 2024-25 की पीजीआई-डी की रैंकिंग में राज्य के महज दो जिले पूर्वी सिंहभूम और बोकारो क्रमश: 318 और 313 (कुल छह सौ अंकों में) स्कोर लाकर प्रचेस्टा-1 की श्रेणी में थे।

दोनों जिले क्रमश: 317 और 316 स्कोर लाकर अब भी इस श्रेणी में बने हुए हैं। इस बीच देवघर, सरायकेला खरसावां तथा रामगढ़ जिला प्रचेस्टा-1 की श्रेणी में स्थान बनाने में सफल रहा है।

इन सभी जिलों को 300 तक स्कोर प्राप्त हुए हैं। वर्ष 2024-25 में ये जिले प्रचेस्टा-2 की श्रेणी में थे, क्योंकि इनके स्कोर 300 से कम थे। वर्ष 2025-25 में 238 अंकों के साथ साहिबगंज जिला प्रचेस्टा-3 की श्रेणी में अन्य जिलों की तुलना में सबसे नीचे था, जो अब 241 अंक लाकर प्रचेस्टा-2 में स्थान बना लिया है।

इस तरह, प्रचेस्टा-3 और आकांक्षी में अब राज्य का कोई जिला नहीं है। पूरे झारखंड की बात करें तो राज्य के ओवरआल अंकों में सुधार तो हुआ है, पर अभी भी झारखंड आकांक्षी-1 श्रेणी में ही सम्मिलित है।

वर्ष 2024-25 में झारखंड का ओवरआल कुल स्कोर 531.1 था जो बढ़कर 555 हो गया है। यह सुधार चार जिलों की रैंकिंग में सुधार से संभव हुआ है। वर्ष 2023-24 में झारखंड का कुल स्कोर एक हजार में 502.2 (आकांक्षी-2) था। इस तरह, झारखंड के स्कोर में लगातार सुधार हो रहा है।

झारखंड के किस जिले किस श्रेणी में (परफार्मेंस के अनुसार वरीयता क्रम में)
    प्रचेस्टा-1 : पूर्वी सिंहभूम, बोकारो, देवघर, सरायकेला खरसावां, रामगढ़
    प्रचेस्टार-2 : रांची, धनबाद, कोडरमा, लोहरदगा, हजारीबाग, पश्चिमी सिंहभूम, जामताड़ा, सिमडेगा, गिरिडीह, दुमका, खूंटी, पाकुड़, चतरा, गोड्डा, लातेहार, पलामू, गुमला, गढ़वा तथा साहिबगंज

इन मानकों के आधार पर होती है रैंकिंग
बच्चों में सीखने का स्तर, शिक्षा की पहुंच, आधारभूत संरचनाएं एवं सुविधाएं, समानता, गवर्नेंस प्रोसेस, शिक्षक शिक्षा एवं प्रशिक्षण।

 

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments