Friday, October 2, 2026
Google search engine
Homeराज्यबिहार / झारखण्डसड़क निर्माण में नदी की गाद का होगा इस्तेमाल, गडकरी ने बिहार...

सड़क निर्माण में नदी की गाद का होगा इस्तेमाल, गडकरी ने बिहार की नीति को बताया मॉडल

पटना
केंद्रीय सड़क, परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने सड़क निर्माण में नदी की गाद (सिल्ट) के उपयोग को लेकर बिहार सरकार द्वारा बनाई गई नीति की सराहना की। उन्होंने कहा कि बिहार की यह नीति पूरे देश के लिए एक मॉडल साबित हो सकती है। इस नीति से सड़क निर्माण में उपलब्ध प्राकृतिक संसाधनों के उपयोग को बढ़ावा मिलेगा और निर्माण कार्यों को अधिक प्रभावी बनाने में मदद मिलेगी।

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और नितिन गडकरी ने गुरुवार को लोक सेवक आवास में बिहार में राष्ट्रीय राजमार्गों एवं भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की विभिन्न परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। इस दौरान नितिन गडकरी ने स्पष्ट किया कि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। परियोजनाओं की प्रभावी निगरानी के लिए एआई तकनीक का उपयोग किया जा रहा है। निर्धारित मानकों के अनुरूप कार्य नहीं करने वाले संवेदकों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सड़क परियोजनाओं को समय सीमा के अंदर तेजी से पूरा करें। बैठक में राज्य में पटना-पूर्णिया ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे, गोरखपुर-सिलीगुड़ी एक्सप्रेस-वे, मुजफ्फरपुर-बरौनी फोरलेनिंग, डुमरिया घाट पुल, दरभंगा-सुपौल हाई-वे, खगड़िया-पूर्णिया, मुजफ्फरपुर- सोनबर्षा, एनएच-22 और एनएच- 31 के अनीसाबाद-दीदारगंज खंड में सर्विस रोड के साथ छह लेन एलिवेटेड रोड, दानापुर-बिहटा कॉरिडोर,छह लेन ग्रिनफिल्ड वाराणसी-रांची-कोलकाता हाईवे, पटना रिंग रोड सहित प्रमुख परियोजनाओं पर विस्तृत चर्चा हुई। बैठक में उपमुख्यमंत्री विजय चौधरी, उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव, पथ निर्माण मंत्री कुमार शैलेंद्र मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, आदि मौजूद थे।

इस दौरान औरंगाबाद एवं अंबा बाईपास के साथ एनएच-139 को फोरलेन बनाने तथा एनएच-333 के बरियारपुर-गंगटा जमुई को फोरलेन करने के लिये डीपीआर बनाने का निर्देश दिया गया।

सुरक्षित सड़क नेटवर्क के लिए सरकार प्रतबद्ध : मुख्यमंत्री
बैठक में सीएम ने कहा कि निर्माणाधीन और स्वीकृत सड़क परियोजनाओं के पूरा होने पर संबंधित क्षेत्रों में सड़क संपर्क, आवागमन एवं आर्थिक गतिविधियों को गति मिलेगी। बिहार सरकार राज्य में आधुनिक, सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण सड़क नेटवर्क के विकास के लिए प्रतिबद्ध है। राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन से राज्य में आवागमन सुगम होगा तथा व्यापार, पर्यटन, उद्योग और आर्थिक विकास को नई गति मिलेगी।

मुख्यमंत्री ने बिहार में केंद्र सरकार की परियोजनाओं को तेजी गति से पूरा कराने के लिये प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और नितिन गडकरी के प्रति आभार व्यक्त किया।
गुरुवार को पटना आए थे गडकरी

नितिन गडकरी गुरुवार को पटना के एक होटल में बिहार इन्वेस्टर मीट 2026 में बोल रहे थे। गडकरी ने कहा कि आने वाले समय में बिहार की सड़क परियोजनाओं पर केंद्र सरकार सवा तीन लाख करोड़ रुपये खर्च करेगी। 440 किलोमीटर लंबी रामजानकी पथ का निर्माण तेजी से चल रहा है, जो नवंबर 2028 में पूरा होगा। 45 हजार 190 करोड़ की लागत से रक्सौल-हल्दिया एक्सप्रेस-वे का निर्माण किया जा रहा है, जिसमें 400 किलोमीटर का हिस्सा बिहार में है। वाराणसी-कोलकाता एक्सप्रेस-वे का निर्माण चल रहा है।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments