Monday, July 27, 2026
Google search engine
Homeराज्यमध्य प्रदेशपूर्व मुख्यमंत्री की जयंती पर याद किए गए उनके सिद्धांत: डॉ. यादव...

पूर्व मुख्यमंत्री की जयंती पर याद किए गए उनके सिद्धांत: डॉ. यादव ने रेखांकित किया राष्ट्र सेवा का महत्व

राजनीति का उद्देश्य समाज कल्याण है, नई पीढ़ी को पूर्व मुख्यमंत्री स्व. गोविन्द नारायण सिंह से सेवा और समर्पण की लेनी चाहिए सीख : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

पूर्व मुख्यमंत्री स्व. सिंह की जयंती पर किया नमन
मध्यप्रदेश विधानसभा के सेंट्रल हॉल में अर्पित की पुष्पांजलि

भोपाल

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री स्व. गोविंद नारायण सिंह की जयंती पर शनिवार को मध्यप्रदेश विधानसभा के सेंट्रल हॉल में उनके चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर नमन किया। पुष्पांजलि कार्यक्रम में विधानसभा अध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर, अन्य जनप्रतिनिधिगण एवं पूर्व मुख्यमंत्री स्व. सिंह के परिजन उपस्थित थे।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राजनीति का उद्देश्य केवल सत्ता पाना नहीं, समाज का कल्याण करना है। आज की नई पीढ़ी को पूर्व मुख्यमंत्री स्व. गोविंद नारायण सिंह के जीवन से सेवा, समर्पण और नैतिकता की सीख लेनी चाहिए। वे बेहद सरल जीवन और सहज व्यवहार के लिए प्रसिद्ध थे। जनता से उनका सीधा संवाद उनकी सबसे बड़ी शक्ति था। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों और सामान्य नागरिकों की समस्याओं को निकट से समझा। ऐसे व्यक्तित्व सदैव समाज का मार्गदर्शन करते हैं। उनकी कार्यशैली आज भी जनप्रतिनिधियों के लिए प्रेरणास्रोत है। पूर्व मुख्यमंत्री स्व. सिंह का जीवन युवाओं को ईमानदारी, संघर्ष और राष्ट्र सेवा का संदेश देता है।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि गोविन्द नारायण सिंह वर्ष 1967 में मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री बने, जब प्रदेश की राजनीति एक नए दौर से गुजर रही थी। उन्होंने प्रशासन में जवाबदेही और जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का प्रयास किया. लोकतांत्रिक संस्थाओं को मजबूत बनाने और जनता की अपेक्षाओं के अनुरूप शासन चलाने की दिशा में कार्य किया। उनका कार्यकाल राजनीतिक परिवर्तन का महत्वपूर्ण प्रतीक माना जाता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज पूर्व मुख्यमंत्री स्व. सिंह की जयंती पर हम सभी उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लें। उनके दिखाए मार्ग पर चलते हुए हम विकसित, समृद्ध और आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश के निर्माण के लिए कार्य करेंगे। प्रदेश में जनकल्याण, सुशासन और सतत् विकास के मार्ग पर लगातार आगे बढ़ना ही उनके प्रति हमारी सच्ची श्रद्धांजलि होगी।

पूर्व मुख्यमंत्री स्व. गोविंद नारायण सिंह का जन्म 25 जुलाई 1920 को रामपुर बघेलान में हुआ था। एम.ए., एलएलबी. तक शिक्षा ग्रहण कर उन्होंने अपने सार्वजनिक एवं राजनैतिक जीवन प्रारंभ किया। उन्होंने चतुर्थ विधानसभा (1967-1972) में 30 जुलाई 1967 से 12 मार्च 1969 तक मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री के रूप में प्रदेश के विकास को एक नई दिशा दी थी। सिंह का 10 मई 2005 को देहावसान हो गया।

मीडिया से चर्चा

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पुष्पांजलि कार्यक्रम के पश्चात मीडिया प्रतिनिधियों से चर्चा में कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री स्व. गोविंद नारायण सिंह राज्य में तत्कालीन संविद सरकार की राजनीति के केंद्र बिंदु थे। वे रीवा के निवासी थे। उन्होंने सादगी, निष्पक्षता के साथ समाज सेवा के क्षेत्र में विशेष पहचान बनाई थी। पूर्व मुख्यमंत्री सिंह ने स्वतंत्रता आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। आज उनकी जयंती के अवसर पर हम सभी उनका स्मरण कर रहे हैं। सिंह ने राजमाता सिंधिया के कार्यकाल में जनता की आवाज बनकर यह भरोसा दिलाया था कि पक्ष हो या विपक्ष, अब राजनीति में बदलाव का समय है। पूर्व मुख्यमंत्री स्व. सिंह प्रदेश की राजनीति में लोकतांत्रिक परंपरा की मिसाल बने। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हमारे विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री और पूर्व विधानसभा अध्यक्षों की जयंती और पुण्यतिथि पर पुष्पांजलि कार्यक्रम कराने की उत्कृष्ट पहल की है।

 

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments