Monday, July 27, 2026
Google search engine
Homeराज्यबिहार / झारखण्डनेपाल में बोलबम यात्रा के दौरान हिंसा, पुलिस फायरिंग में युवक की...

नेपाल में बोलबम यात्रा के दौरान हिंसा, पुलिस फायरिंग में युवक की मौत

पटना
भारत-नेपाल सीमा से सटे सुनसरी जिले के देवानगंज गांवपालिका-3 के कप्तानगंज में रविवार की रात बोलबम यात्रा के दौरान दो पक्षों के बीच विवाद हिंसक झड़प में बदल गया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए नेपाल पुलिस द्वारा की गई फायरिंग में एक युवक की मौत हो गई, जबकि नौ अन्य लोग घायल हो गए। वहीं, एक पुलिस निरीक्षक समेत आठ पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में कर्फ्यू लागू कर दिया गया है और सुरक्षा बलों की अतिरिक्त तैनाती की गई है।

जानकारी के अनुसार, भारत-नेपाल सीमा स्थित पथरदेवा बॉर्डर से करीब छह किलोमीटर दूर कप्तानगंज में सोमवार को पिंडेश्वर धाम के लिए बोलबम यात्रा निकलनी थी। यात्रा में डीजे के साथ धार्मिक झंडा लेकर जाने की तैयारी चल रही थी। इसी दौरान दूसरे पक्षों के कुछ लोगों ने डीजे बजाने और यात्रा के स्वरूप पर आपत्ति जताई। देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और दोनों पक्षों के बीच पथराव व हिंसक झड़प शुरू हो गई।

सुनसरी के पुलिस अधीक्षक केशव कुमार थेवे ने बताया कि हालात बिगड़ने पर पहले पुलिस ने अश्रुगैस के गोले छोड़े और हवाई फायरिंग की। इसके बावजूद भीड़ के अनियंत्रित होने पर मजबूरन गोली चलानी पड़ी। पुलिस फायरिंग में घायल हुए 24 वर्षीय ओमप्रकाश मेहता की विराटनगर स्थित न्यूरो अस्पताल में उपचार के दौरान रविवार देर रात मौत हो गई। अन्य घायलों का विभिन्न अस्पतालों में इलाज चल रहा है।

घटना में घायल होने वालों में मिथलेश यादव (22), अमलेश मेहता (18), मिथलेश मेहता (25) और अमित कुमार यादव (20) का कोशी अस्पताल में उपचार चल रहा है। वहीं रविंद्र मेहता (21), अमित कुमार यादव (18), सुनील कुमार मेहता (25) तथा एक अन्य सुनील कुमार मेहता (26) का विराट नर्सिंग होम में इलाज जारी है।

हिंसा के दौरान पुलिस निरीक्षक राकेश राई के सिर में गंभीर चोट आई है। इसके अलावा गणेश नारायण श्रेष्ठ, नवराज पोखरेल, अमरलाल यादव, रामबहादुर राई, विजय यादव, बुद्धदेव साह और निवेश यादव सहित कुल आठ पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। गोलीबारी की सूचना फैलते ही स्थिति और तनावपूर्ण हो गई। आक्रोशित लोगों ने कप्तानगंज बाजार में कई घरों, मेडिकल स्टोर, वाहनों तथा अन्य संरचनाओं में आग लगा दी। कई दुकानों और सवारी साधनों के जलने की सूचना है। प्रशासन ने हालात को देखते हुए पूरे क्षेत्र में अनिश्चितकालीन कर्फ्यू लागू कर दिया है।

इस बीच राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी से सुनसरी क्षेत्र-2 के सांसद लाल विक्रम थापा देर रात घटनास्थल पहुंचे। उन्होंने जिला प्रशासन और पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि जब उन्होंने जिला अधिकारी से घटना की जानकारी ली तो उन्हें किसी घटना से इनकार किया गया, जबकि बाजार में आगजनी हो रही थी और घायल अस्पतालों में भर्ती थे। सांसद ने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस अधीक्षक का मोबाइल किसी अन्य व्यक्ति के पास था, जो कॉल रिसीव कर रहा था। उन्होंने मांग की कि गोली पुलिस ने चलाई या किसी अन्य ने, इसकी निष्पक्ष जांच कराई जाए। हालांकि इस संबंध में पुलिस अधीक्षक ने कोई टिप्पणी करने से इनकार किया।

उल्लेखनीय है कि घटना से लगभग 48 घंटे पहले ही नेपाल पुलिस प्रमुख दान बहादुर कार्की ने सीमावर्ती क्षेत्रों में अवैध घुसपैठ को लेकर चिंता जताई थी। ऐसे में सीमा से सटे इस संवेदनशील इलाके में हुई हिंसक घटना ने सुरक्षा व्यवस्था और प्रशासनिक सतर्कता को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल पुलिस और प्रशासन की निगरानी में क्षेत्र में शांति बहाल करने के प्रयास जारी हैं।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments